Nupur Sharma के मामले में OIC का बवाल. क्या है इस्लामिक देशों का संगठन OIC?

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पैगम्बर मोहम्मद को लेकर बीजेपी नेताओं के बयान पर दुनियाभर में बवाल मचा हुआ है, ये मामला अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का केंद्र बना चूका है

पैगम्बर मोहम्मद को लेकर बीजेपी नेताओं के बयान पर दुनियाभर में बवाल मचा हुआ है, ये मामला अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का केंद्र बना चूका है.

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बीते रविवार को पार्टी की राष्ट्रीय प्रवक्ता नूपुर शर्मा और पार्टी की दिल्ली इकाई के मीडिया प्रमुख नवीन कुमार जिंदल पर कड़ी कार्रवाई करते हुये बीजेपी ने दोनों को पार्टी से निष्काषित कर दिया था.

NUPUR SHARMA AND NAVEEN JINDAL

यहां बयान पर हंगामा मचने के बाद नूपुर शर्मा ने सार्वजनिक माफ़ी भी मांगी लेकिन ऐसे में तमाम विपक्षी पार्टियों समेत अरब और इस्लामिक देशों के संगठन OIC ने भी जमकर मोदी सरकार पर हमला बोला.

nupur sharma

कई देशों ने अपने देशों में स्थित भारतीय राजदूतों को तलब कर नाराजगी जाहिर की. वहीँ भारतीय जनता पार्टी की प्रवक्ता नूपुर शर्मा की पैगंबर मोहम्मद पर विवादित टिप्पणी के मामले पर 57 सदस्यीय मुस्लिम देशों के संगठन इस्लामिक सहयोग संगठन (OIC) ने भी आपत्ति जताई.

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Organisation of Islamic Countries

यहां ओआईसी ने भारत को घेरते हुए संयुक्त राष्ट्र और मानवाधिकार संगठनों से अपील की है कि भारत में मुसलमामों को निशाना बनाने के खिलाफ जरूरी कदम उठाए जाएं.
जबकि भारत ने भी ओआईसी के आरोपों पर पलटवार करते हुए कहा कि भारत इसे पूरी तरह खारिज करता है. भारत ने ओआईसी की टिप्पणी को प्रेरित, भ्रामक और शरारतपूर्ण बताया है.

Indian Ambassador Arindam Bagchi

ऐसे में लगातार सवाल उठ रहे हैं कि आखिर OIC है क्या? जिसकी नूपुर शर्मा मामले में सबसे ज्यादा चर्चा हो रही है.

नूपुर शर्मा के माफ़ी और पार्टी की कार्यवाई के बाबजूद OIC लगातार हमलावर हो रहा है. वहीँ भारतीय राजदुत भी साफतौर पर आलोचना करने वालों को मुहतोड़ जवाब दे रहे हैं.

Indian Ambassador

वहीँ एक सन्देश देने की बात आ रही है कि भारत एक धर्मनिरपेक्ष देश है, जहाँ भारत सरकार पूरे तरीके से सक्षम है की वो देश की शांति और प्रभुता दाग ना लगने दे. साथ हीं उचित निर्णय लेने में मोदी सरकार हमेशा सक्रीय रही है.

oic against nupur sharma statment

ऐसे में आइये जानते हैं कि OIC का मतलब क्या है साथ हीं इसमें कितने सदस्य हैं और इसका उद्देश्य क्या है. यहां आप सभी को ये भी जानकारी देंगे की जहाँ पाकिस्तान जो OIC का सदस्य है, जो हमेशा कश्मीर राग अलापता है तो ऐसे में जानेंगे कि कश्मीर पर OIC का स्टैंड क्या है?

oic members

OIC क्या है?

ओआईसी मुस्लिम देशों का एक संगठन है. जिसमें चार महाद्वीपों में फैले 57 देशों की सदस्यता है. ओआईसी खुद को “मुस्लिम दुनिया की सामूहिक आवाज” के तौर पर अपने आप को ज़ाहिर करता है.

OIC

ओआईसी संयुक्त राष्ट्र के बाद दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा अंतर-सरकारी संगठन है. जिसमे मुस्लिम बहुल देश ओआईसी की सदस्य होते हैं, जबकि मध्य अफ्रीकी गणराज्य, रूस, थाईलैंड, बोस्निया और हर्जेगोविना और गैर-मान्यता प्राप्त तुर्की साइप्रस को ओआईसी के पर्यवेक्षक का दर्जा हासिल है.

Organisation of Islamic Countries

OIC के सदस्य

ओआईसी इस्लामिक या मुस्लिम बहुल देशों का संगठन है. इसके कुल 57 देश सदस्य हैं. ओआईसी में सऊदी अरब का दबदबा है, लेकिन सऊदी अरब दुनिया के उन टॉप 10 देशों में भी शामिल नहीं है, जहाँ मुस्लिम आबादी सबसे ज़्यादा है.

OIC में कौन कौन से देश हैं

अफगानिस्तान, अल्बानिया, अल्जीरिया, अज़रबैजान, बहरीन, बांग्लादेश, बेनिन, ब्रूनेई, दार-ए- सलाम, बुर्किना फासो, कैमरून, चाड, कोमोरोस, आईवरी कोस्ट, जिबूती, मिस्र, गैबॉन, गाम्बिया, गिनी, गिनी-बिसाऊ, गुयाना, इंडोनेशिया, ईरान, इराक, जार्डन, कजाखस्तान, कुवैत, किरगिज़स्तान, लेबनान, लीबिया, मलेशिया, मालदीव, माली, मॉरिटानिया, मोरक्को, मोजाम्बिक, नाइजर, नाइजीरिया, ओमान, पाकिस्तान, फिलिस्तीन, कतर, सऊदी अरब, सेनेगल, सियरा लिओन, सोमालिया, सूडान, सूरीनाम, सीरिया, ताजिकिस्तान, टोगो, ट्यूनीशिया, तुर्की, तुर्कमेनिस्तान, युगांडा, संयुक्त अरब अमीरात, उज्बेकिस्तान, यमन।

Organisation of Islamic Countries members

कैसे हुआ स्थापना

साल 1969 में मुस्लिम देशों के इस बड़े स्तर के संगठन ‘OIC’ की स्थापना हुई थी. दरअसल इसके पीछे 21 अगस्त 1969 की एक घटना थी जिसमें येरूशल की अल आक्सा मस्जिद में आग लगा दी गई थी.

how was the installation of oic

जहाँ येरूशल के पूर्व मुफ्ती आमिन अल हुसैनी ने इस आगजनी को यहूदियों का अपराध कहा गया था और दुनिया के मुस्लिम देशों के प्रमुखों को एक सम्मेलन बुलाने को कहा था. तभी ये विचार आया की इस्लामिक कन्ट्रीज का एक संगठन होना चाहिए.

क्या रखा गया था उद्देश्य

इस्लामिक संगठन ओआईसी के चार्टर के मुताबिक इनका लक्ष्य इस्लामिक समाजिक और आर्थिक मूल्यों की रक्षा करना, सदस्य देशों के बीच एकता कायम रखना, आर्थिक, सांस्कृतिक सामाजिक वैज्ञानिक और राजनीति के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाना है जिसमें विज्ञान और तकनीकी के क्षेत्र सहित शैक्षणिक विकास भी शामिल है.

what was the purpose of oic

वहीँ इसके बाद 1990 में मिस्र के काहिरा सम्मेलन में इस्लाम में मानवधिकार को चार्टर में अंगीकार शामिल किया था.

OIC का मुख्यालय कहाँ है

मुस्लिम देशों के संगठन OIC का मुख्यालय जेद्दाह जिसे जेद्दा या जिद्दा भी कहते हैं लाल सागर के तट पर स्थित सउदी अरब का एक शहर है और पश्चिमी सउदी अरब का एक प्रमुख शहरी केंद्र है.

Where is the headquarter of OIC

बता दें कि यह सउदी अरब का दूसरा और मक्काह प्रान्त का सबसे बड़ा शहर है. यह लाल सागर के तट पर स्थित सभी समुद्री बंदरगाहों मे सबसे बड़ा भी है. वर्तमान समय में शहर की जनसंख्या 34 लाख है.

कश्मीर पर क्या है OIC का स्टैंड

कश्मीर का मुद्दा हर बार पाकिस्तान अंतरास्ट्रीय स्तर पर उछलता आ रहा है, लगातार OIC में कश्मीर मसले पर चर्चा हुई है. वहीँ आमतौर पर ओआईसी कश्मीर को लेकर पाकिस्तान के रुख का समर्थन करता रहा है, और उसने राज्य में कथित भारतीय “अत्याचारों” की आलोचना करते हुए बयान भी जारी किए हुये हैं.

KASHMIR

इस बिच बात ये है कि भारत के पाकिस्तान के आलावा करीबन सभी ओआईसी के सदस्य देशों के साथ अच्छे रिश्ते रहे. जिसकी वजह ओआईसी की तरफ से जो बयान जारी किए जाते हैं, भारत उसे कोई खास गंभीरता से नहीं लेता है.

LAL CHAUK, KASHMIR

भारत हमेशा साफ़ करता रहा है कि इसके आंतरिक मामले पर बोलने का अधिकार किसी भी देश के पास नहीं है, वहीँ पाकिस्तान के झूठ का पर्दाफाश भी कई बार भारत की तरफ से होता रहा है.

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