BBC डॉक्यूमेंट्री विवाद पर मोदी के साथ अमेरिका, लेकिन JNU वाले कर रहे स्क्रीनिंग की मांग

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BBC यानि ब्रिटिश न्यूज सर्विस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर “इंडिया: द मोदी क्वेश्चन” डॉक्यूमेंट्री बनाया. इसपर अब विवाद बढ़ता जा रहा है

BBC यानि ब्रिटिश न्यूज सर्विस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) पर “इंडिया: द मोदी क्वेश्चन” (India: The Modi Question) डॉक्यूमेंट्री बनाया. इसपर अब विवाद बढ़ता जा रहा है. डॉक्यूमेंट्री (BBC Documentary) को भारत सरकार ने बैन कर दिया है. हालाँकि कई ऐसे लोग भी हैं जो इस विवादित डॉक्यूमेंट्री (BBC Documentary) की स्क्रीनिंग करना चाहते हैं.

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BBC डॉक्यूमेंट्री प्रोपेगेंडा बेस्ड

जेएनयू (JNU) उन्हीं में से एक है जहाँ के छात्रों का कहना है की उन्हें “इंडिया: द मोदी क्वेश्चन” (India: The Modi Question) स्क्रीनिंग देखनी है. जबकि देश के कई वरिष्ठ नेता, रिटायर सशस्त्र बलों के दिग्गजों ने गुजरात दंगे पर बेस्ड बीबीसी डॉक्यूमेंट्री (BBC Documentary) के खिलाफ हैं, जहाँ पीएम मोदी (PM Modi) को जिम्मेदार बताया जा रहा है. इस बिच सिर्फ देश हीं नहीं विश्व भर के नेताओं ने प्रधानमंत्री मोदी (Prime Minister Narendra Modi) का साथ दिया है. BBC डॉक्यूमेंट्री को एक प्रोपेगेंडा बेस्ड और एकतरफा पक्ष रखने वाला दस्तावेज बताया जा रहा है.

हैदराबाद में हुई स्क्रीनिंग

हैदराबाद की सेंट्रल यूनिवर्सिटी में BBC Documentary की स्क्रीनिंग की जा चुकी है. हैदराबाद सेंट्रल यूनिवर्सिटी के कैंपस में छात्रों के एक गुट ने इस विवादित डॉक्यूमेंट्री की स्क्रीनिंग की.

हालांकि पुलिस का कहना है कि अभी तक कोई शिकायत नहीं आई है. पर इसपर देशभर में विरोध देखा गया.

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JNU में स्क्रीनिंग की मांग

विवादित यूनिवर्सिटी में चर्चित दिल्ली के जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) में छात्रों के एक समूह द्वारा “इंडिया: द मोदी क्वेश्चन” की स्क्रीनिंग के कार्यक्रम को रद्द कर दिया गया है.

जेएनयू (JNU) में 24 जनवरी को बीबीसी की डॉक्यूमेंट्री (BBC Documentary) की स्क्रीनिंग होनी थी. लेकिन शांति भंग होने की आशंका के बीच इस डॉक्यूमेंट्री की स्क्रीनिंग को रद्द कर दिया गया है.

दुनिया के राजनेताओं ने माना मोदी एक शक्तिशाली व्यक्ति

BBC ने प्रधानमंत्री मोदी (Prime Minister Narendra Modi) पर “इंडिया: द मोदी क्वेश्चन” का डॉक्यूमेंट्री फिल्म बनाई. यहां बीबीसी (BBC Documentary) ने साल 2002 के गुजरात दंगों के दौरान गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में प्रधानमंत्री मोदी के कार्यकाल पर हमला करते हुए दो पार्ट में डॉक्यूमेंट्री प्रसारित की है. जिसपर चारो तरफ से आलोचना झेलनी पड़ी. ब्रिटेन हो या अमेरिका हर किसी ने पीएम मोदी और भारत का साथ दिया.

अमेरिका ने कहा- भारत दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र है

संयुक्त राज्य अमेरिका के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता नेड प्राइस ने कहा भारत दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र है. बीबीसी के डॉक्यूमेन्टरी (BBC Documentary) फिल्म के सवाल पर नेड प्राइस ने कहा ‘आप जिस डॉक्यूमेन्टरी का ज़िक्र कर रहे हैं, मैं उसके बारे में नहीं जानता हूं, बहरहाल, मैं उन साझा मूल्यों को अच्छी तरह समझता हूं, जो अमेरिका और भारत को दो संपन्न और जीवंत लोकतंत्र बना देते हैं…’

उन्होंने कहा- अमेरिका और भारत के बीच राजनयिक संबंधों को रेखांकित करते हुए नेड प्राइस ने भारतीय लोकतंत्र को बेहद जीवंत करार दिया और कहा, ‘हम हर उस पहलू पर गौर करते हैं, जो हमें एक साथ जोड़ता है, और हम उन सभी तत्वों को मज़बूत बनाने के लिए तत्पर हैं, जो हमें साथ बांधते हैं…’

ब्रिटिश प्रधानमंत्री और सांसद ने भी दिया PM मोदी का साथ

बीबीसी (BBC Documentary) की विवादित डॉक्यूमेंट्री के बीच ब्रिटिश सांसद लॉर्ड करण बिलिमोरिया (Uk Lawmaker Lord Karan Bilimoria) ने हाउस ऑफ लार्ड्स में पीएम मोदी (Prime Minister Narendra Modi) की जमकर तारीफ की. उन्होंने कहा कि पीएम मोदी पृथ्वी के सबसे शक्तिशाली व्यक्तियों में एक हैं.

वहीँ विवादित डॉक्यूमेंट्री (BBC Documentary) पर ब्रिटिश प्रधानमंत्री ऋषि सुनक (Rish Sunak) के विचार पूछे थे. इसके जवाब में सुनक ने कहा था कि वह ऐसे चरित्र चित्रण से सहमत नहीं हैं.

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